Blog

देश को हिंदू-मुसलमान में उलझाना चाहती है बीजेपी,राहुल ने लोगों से की अपील-किसी बहकावे में ना आएं

देश को हिंदू-मुसलमान में उलझाना चाहती है बीजेपी,राहुल ने लोगों से की अपील-किसी बहकावे में ना आएं
  • PublishedMarch 19, 2026

दिल्ली के उत्तम नगर में हुए तरुण हत्याकांड को लेकर कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि उत्तम नगर के लोगों ने हिंसा की भारी कीमत चुकाई है. एक तरफ एक जवान लड़के तरुण की जान चली गई, दूसरी तरफ एक पूरा परिवार उत्पीड़न का सामना कर रहा है. उन्हें और खून-खराबा नहीं चाहिए. खून-खराबा केवल बीजेपी और उसका इकोसिस्टम चाहता है, जो नफरत के तवे पर हिंसा की रोटी सेंकने के हर मौके का फायदा उठाता है.राहुल गांधी ने कहा कि वो (बीजेपी) चाहते हैं कि देश हिंदू-मुसलमान में उलझा रहे. ताकि लोग यह न पूछ सकें कि आखिर प्रधानमंत्री देश की रक्षा, ऊर्जा सुरक्षा, खाद्य सुरक्षा और सामरिक संप्रभुता को अमेरिका के हवाले करने पर क्यों मजबूर हैं. इसीलिए दिन-दहाड़े देश की राजधानी में फिर से दंगों जैसे हालात खड़े किए जा रहे हैं. दिल्लीवासियों से अनुरोध है किसी बहकावे में न आएं. देश की शक्ति हमारी एकता, भाईचारे और मोहब्बत में है. जोड़ो जोड़ो, भारत जोड़ो.उत्तम नगर के लोगों ने हिंसा की भारी कीमत चुकाई है – एक तरफ एक जवान लड़के, तरुण, की जान चली गई, दूसरी तरफ एक पूरा परिवार उत्पीड़न का सामना कर रहा है।

उन्हें और खून-खराबा नहीं चाहिए।खून-खराबा केवल BJP और उसका इकोसिस्टम चाहता है, जो नफ़रत के तवे पर हिंसा की रोटी सेंकने के हर मौके— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) March 19, 2026कांग्रेस सांसद का गृह मंत्री को पत्रइसी मामले में बीते दिन कांग्रेस सांसद मोहम्मद जावेद और विपक्षी दलों के कुछ अन्य सांसदों ने गृह मंत्री अमित शाह को एक पत्र लिखा था. जिसमें कहा था कि मुस्लिम समुदाय को दी जा रही धमकियों के मद्देनजर निर्णायक एक्शन लेने की जरूरत है. पत्र में जावेद ने लिखा, मैं उत्तम नगर में परेशान करने वाले घटनाक्रम के बारे में गहरी चिंता और तात्कालिकता की भावना के साथ लिख रहा हूं, जहां मुस्लिम समुदाय के लोगों को खुली धमकियां दी जा रही हैं.जावेद के मुताबिक, लोगों को मिलने वाली धमकियों, भड़काऊ नारों और नफरत भरी सामग्री ने ऐसा माहौल बना दिया है जहां नागरिकों का एक वर्ग राजधानी में ही असुरक्षित महसूस कर रहा है. पुलिस की चुनिंदा और अपर्याप्त प्रतिक्रिया भी उतनी ही परेशान करने वाली है. जब धमकियां इतने खुलेआम दी जा रही हों और कार्रवाई ना हो रही हो तो कानून के राज पर जनता का विश्वास कम हो जाता है.उन्होंने पत्र में आगे लिखा, स्थिति का तुरंत संज्ञान लें. कानून-व्यवस्था बनाए रखने में किसी भी चूक के लिए जवाबदेही तय करें. पुलिस को नफरत फैलाने, धमकियां देने या स्थिति को सांप्रदायिक रंग देने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करने का निर्देश दिया जाए. विश्वास बहाल करने के लिए सुरक्षा सुनिश्चित की जाए. इसके साथ ही पुलिस की कार्रवाई की समीक्षा भी हो.

Written By
Aagaaz Express

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *